सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण चीन सीमा को जोड़ने वाला प्रमुख पिथौरागढ़ -धारचूला हाईवे पर सतगढ़ के पास सुरक्षा दीवार ध्वस्त होने से फिर से बीआरओ की कार्यशैली पर सवाल उठने शुरू हो गए हैं। दीवार ढहने से हाईवे के साथ ही ऊपर बने कई मकानों को खतरा पैदा हो गया है। बता दें कि करीब पांच साल पहले सड़क चौड़ीकरण के दौरान यहां करोड़ों रुपये खर्च कर सुरक्षा दीवार बनाई गई थी जो तीन महीने बाद ही गिर गई और सरकारी धन डूब गया। छह महीने पहले फिर से यहां करोड़ों रुपये से नई सुरक्षा दीवार बनी जो दो महीने भी नहीं टिकी। सड़क चौड़ीकरण के दौरान कलवर्ट बंद कर दिए गए इससे पानी की निकासी रुक गई। इसी का परिणाम रहा कि सुरक्षा दीवार ढहने से हाईवे के साथ ही बढ़ी आबादी खतरे में आई है।