श्रीनगर गढ़वाल विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं द्वारा विवि में होने जा रहे किताब कौथिक को रद्द किए जाने के विरोध में प्रदर्शन किया गया। छात्रों का कहना था कि विश्वविद्यालय में पुस्तक मेले को रद्द करना दुर्भाग्यपूर्ण है। हम लोग किताबों का इंतजार कर रहे थे, लेकिन विवि प्रशासन द्वारा कुछ तथाकथित छात्र नेताओं के दबाव में आकर पुस्तक मेला रद्द कर दिया गया। छात्रों ने यह भी कहा की पुस्तक मेला विश्वविद्यालय में ही लगाया जाना चाहिए। प्रदर्शन में शोधार्थी रेशमा पंवार ने कहा कि इस तरह से किताबों का विरोध करने का मतलब है कि तर्क-वितर्क की क्षमता को खत्म करने की कोशिश करना।