बलिया में शारदीय नवरात्र और दशहरा पर्व को शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह ने शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों, रामलीला कमेटियों और दुर्गा पूजा समितियों के साथ बैठक कर सुरक्षा, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था और मूर्ति विसर्जन को लेकर जरूरी निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि दुर्गा प्रतिमाओं का विसर्जन नदियों में नहीं, बल्कि निर्धारित पोखरों और तालाबों में ही कराया जाएगा। इसके लिए विसर्जन स्थलों पर पर्याप्त पानी, रोशनी और साफ-सफाई की व्यवस्था समय से पूरी करने को कहा। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी समितियां निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन करें। पंडालों के ऊपर से बिजली के तार नहीं गुजरने चाहिए और न ही मूर्तियों की स्थापना बिजली के खंभों के पास की जाए। पंडालों में बिजली के तार लटकते हुए नहीं मिलने चाहिए। साथ ही, मूर्तियों की स्थापना इस तरह की जाए कि श्रद्धालुओं और आम लोगों के आवागमन में बाधा न हो। उन्होंने सभी पूजा समितियों को पंडालों में अग्निशमन यंत्र, बालू से भरी बाल्टियां और पर्याप्त पानी की व्यवस्था अनिवार्य रूप से रखने के निर्देश दिए। प्रमुख पूजा पंडालों का अग्निशमन विभाग से सुरक्षा ऑडिट कराने और पूजा स्थलों तक पहुंचने वाले रास्तों को दुरुस्त कराने को भी कहा। पंडालों के आसपास खराब पड़ी रोड लाइटों को तत्काल ठीक कराने के निर्देश दिए, ताकि रात में श्रद्धालुओं को आवागमन में परेशानी न हो।