भारतीय किसान यूनियन के सदस्यों ने किसानों की मांगाें काे लेकर लघु सचिवालय गेट तक विरोध मार्च निकाला। भारतीय किसान यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष रतन मान के नेतृत्व में पहुंचे किसानों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आक्रोश जाहिर किया। भारतीय किसान यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष रतन मान ने कहा कि पराली जलाने को लेकर किसानों पर एफआईआर दर्ज करना पूरी तरह से गलत है। जब तक किसानों पर को पराली प्रबंधन के पूरे संसाधन न दिए जाएं तब तक एफआईआर दर्ज करना सही नहीं है। इस पर रोक लगाई जाए। किसानों पर दर्ज की गई एफआईआर को वापस ली जाए।किसानों को डीएपी व यूरिया उपलब्ध कराया जाए। ऑनलाइन की शर्त को हटाया जाए। खेतों में भरे पानी की निकासी कराई जाए। किसानों को खराब फसलों का मुआवजा तुरंत दिलाया जाए। मूंग, बाजरा, धान की एमएसपी पर खरीद की जाए। कट के नाम पर किसानों के साथ कटौती का खेल न किया जाए। फसल बीमा योजना के तहत बीमा कराने वाले किसानों को क्लेम दिलाया जाए। यूनियन के जिला अध्यक्ष सतेंद्र सिंह ने कहा कि किसानों की फसलों की पूरी खरीद की जाए। किसानों को मंडियों में औने पौने दामों में फसले बेचने को मजबूर होना पड़ रहा है। इस मौके पर धर्मबीर सिंह, अनिल कुमार, जितेंद्र, राजेंद्र आदि मौजूद रहे। किसानों ने अपनी मांगों का ज्ञापन एसडीएम ज्योति मित्तल को सौंपा।