फतेहाबाद। प्रदेश सरकार की आपातकालीन सेवा 'डायल 112' के लचर रिस्पॉन्स ने एक बार फिर कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सोमवार रात करीब 8:50 बजे जिला न्यायालय के गेट के सामने आधा सड़क और आधा फुटपाथ पर एक मंदबुद्धि व्यक्ति बेसुध हालत में पड़ा था, जिसे तेज रफ्तार वाहनों से हादसे का गंभीर खतरा था। समाजसेवी विजय सहारण ने मदद के लिए डायल 112 पर कॉल किया, लेकिन लगभग 15 मिनट तक 'लाइन कतार में है' का मैसेज आता रहा और कॉल बार-बार डिस्कनेक्ट होती रही। आपातकालीन नंबर से मदद न मिलने पर विजय ने तुरंत एसपी निकिता खट्टर से संपर्क कर पूरी स्थिति की जानकारी दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने शहर थाना प्रभारी संजय और राइडर टीम को तुरंत मौके पर भेजा। पुलिस टीम ने उक्त व्यक्ति को सुरक्षित रेस्क्यू कर अस्पताल पहुंचाया। विजय सहारण ने बताया कि डायल 112 की शुरुआत में रिस्पॉन्स समय काफी अच्छा था, लेकिन अब आमजन को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से इस सेवा में तत्काल व्यापक सुधार करने की मांग की है। पुलिस विभाग से मिली सूचना मुताबिक सोमनाथ निवासी नरवाना का रहने वाला था। एसपी के आदेशानुसार इसे अस्पताल में भर्ती करवाकर इसके परिजनों को सूचित कर दिया। पुलिस प्रवक्ता विनोद कुमार का कहना है कि डायल 112 अच्छे तरीके से काम कर रहा है। अगर कोई मामला है तो उसकी जांच की जाएगी।