WhatsApp को तीन दिन का अल्टीमेटम: Meta और MeitY के बीच हुई अहम बैठक, जानें यूजरनेम फीचर पर क्या फैसला हुआ

Jagriti
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीJagriti
Fri, 03 Jul 2026 06:46 PM IST
सार

Meta MeitY Meeting

: व्हाट्सएप के प्रस्तावित यूजरनेम फीचर पर केंद्र सरकार और Meta के बीच अहम बैठक हुई। MeitY ने कंपनी के सामने अपनी आपत्तियां दोहराईं और संभावित साइबर सुरक्षा व धोखाधड़ी से जुड़े मुद्दों पर जवाब मांगा। अब मेटा को तीन दिन के अंदर अपना अंतिम जवाब देना होगा। जानिए बैठक में और क्या-क्या अहम बातें हुईं।

Meta Meets IT Ministry Over WhatsApp Username Feature, Final Reply Due 3 Days
मेटा पर सरकार की कड़ी नजर - फोटो : amarujala.com

    विस्तार

    MeitY Meta, WhatsApp Scam Risk

    : व्हाट्सएप के यूजरनेम फीचर को लेकर केंद्र सरकार और मेटा के बीच अब बातचीत निर्णायक मोड़ पर आ गई है। इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) के अधिकारियों से मेटा की टीम ने मुलाकात की, जहां एक तरफ सरकार ने इस फीचर से जुड़ी अपनी सुरक्षा संबंधी चिंताओं को विस्तार से रखा। वहीं, दूसरी ओर मेटा को तीन दिन के अंदर अपना अंतिम और विस्तृत जवाब देने का समय दिया गया है।

    सरकारी अधिकारियों से हुई कंपनी की अहम बैठक

    सूत्रों के अनुसार, व्हाट्सएप के यूजरनेम फीचर को लेकर आज यानी शुक्रवार को मेटा की टीम ने MeitY के अधिकारियों से मुलाकात की। इस बैठक के दौरान मंत्रालय ने कंपनी को बताया कि सरकार को इस फीचर से जुड़े किन-किन पहलुओं पर चिंता है और उनसे विस्तृत स्पष्टीकरण मांगा गया है।

    तीन दिन में देना होगा अंतिम जवाब

    बैठक में सरकार ने मेटा को इस फीचर पर जवाब देने के लिए बताया गया है कि सरकार ने मेटा को इस फीचर पर विस्तार से जवाब देने के लिए तीन दिन का समय दिया है। कंपनी तय समयसीमा के भीतर अपना अंतिम पक्ष मंत्रालय के सामने रखेगी। इसके बाद सरकार आगे की कार्रवाई या निर्णय ले सकती है।

    सरकार की सबसे बड़ी चिंता क्या है ?

    केंद्र सरकार का मानना है कि अगर यूजरनेम फीचर बिना पर्याप्त सुरक्षा उपायों के लागू किया गया, तो इससे ऑनलाइन धोखाधड़ी, फिशिंग, डिजिटल अरेस्ट स्कैम और किसी दूसरे व्यक्ति की पहचान का दुरुपयोग (Impersonation) जैसे साइबर अपराधों में बढ़ोतरी हो सकती है। सरकार चाहती है कि फीचर लॉन्च होने से पहले सभी सुरक्षा उपाय स्पष्ट हों और यूजर्स की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।

    पहले ही जारी किया जा चुका है नोटिस

    आज यानी शुक्रवार को केंद्र सरकार ने मेटा को आधिकारिक नोटिस जारी कर व्हाट्सएप के प्रस्तावित यूजरनेम फीचर पर सवाल उठाए। नोटिस में कंपनी से पूछा गया कि ऐसे फीचर की वजह से अगर साइबर अपराध बढ़ते हैं, तो सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (IT Act) और संबंधित नियमों के तहत उसके खिलाफ कार्रवाई क्यों न की जाए।

    सरकार ने मेटा को क्या निर्देश दिए?

    सरकार ने मेटा को निर्देश दिया था कि इस मुद्दे पर सरकार की संतुष्टि के अनुसार चर्चा पूरी होने तक यूजरनेम फीचर को लागू न किया जाए। यानी फिलहाल इस फीचर के रोलआउट पर सरकार की नजर बनी हुई है। इतना ही नहीं सरकार ने मेटा को यह भी याद दिलाया कि व्हाट्सएप एक महत्वपूर्ण सोशल मीडिया इंटरमीडियरी है। ऐसे में कंपनी पर IT Act और IT Rules के तहत ड्यू डिलिजेंस का पालन करने और यूजर्स की सुरक्षा सुनिश्चित करने की कानूनी जिम्मेदारी है।