Meta: मेटा ने लॉन्च किया ‘वाइब्स’, एआई से बने शॉर्ट वीडियोज का नया फीड

सुयश पांडेय
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीसुयश पांडेय
Sat, 27 Sep 2025 05:22 PM IST
सार

मेटा ने लॉन्च किया नया एआई-फीड ‘वाइब्स’ जिसमें यूजर्स शॉर्ट-फॉर्म AI-जनरेटेड वीडियोज बना और शेयर कर पाएंगे। जानिए कैसे यह टिकटॉक और रील्स को टक्कर देगा?

Meta launched an AI generated video platform Vibes
meta logo - फोटो : अमर उजाला

    विस्तार

    टिकटॉक और रील्स की सफलता को देखते हुए सोशल मीडिया और टेक्नोलॉजी की दुनिया में मेटा ने एक नया अनुभव पेश किया है। कंपनी ने अपने एआई एप और मेटा.एआई पर ‘वाइब्स’ नामक नया फीड लॉन्च किया है, जिसमें यूजर्स शॉर्ट-फॉर्म, एआई-जनरेटेड वीडियो बना और शेयर कर सकते हैं। इसे टिकटॉक या इंस्टाग्राम रील्स के समान समझा जा सकता है, लेकिन यहां दिखने वाले हर वीडियो का कंटेंट पूरी तरह से एआई द्वारा तैयार किया गया है।

    मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने इंस्टाग्राम पर वाइब्स लॉन्च की जानकारी साझा करते हुए एआई-जनरेटेड वीडियो दिखाए। इन वीडियो में फजी जीव क्यूब्स पर कूदते हैं, बिल्ली आटे पर पंजे चलाती है, और प्राचीन मिस्र की महिला बालकनी पर सेल्फी लेती दिखाई देती है। मेटा के मुताबिक, इस फीड में यूजर्स और कंटेंट क्रिएटर्स दोनों के एआई-जनरेटेड वीडियो दिखाई देंगे। समय के साथ, मेटा का एल्गोरिदम व्यक्तिगत पसंद के अनुसार वीडियो दिखाने लगेगा।

    वाइब्स में यूजर्स वीडियो को शुरुआत से बना सकते हैं या फीड में देखे गए किसी वीडियो को रीमिक्स कर सकते हैं। वीडियो को पब्लिश करने से पहले नए विजुअल्स जोड़ सकते हैं, म्यूजिक डाल सकते हैं और स्टाइल एडजस्ट कर सकते हैं। इसके बाद वीडियो को सीधे वाइब्स फीड पर पोस्ट किया जा सकता है, डायरेक्ट मैसेज किया जा सकता है, या इंस्टाग्राम और फेसबुक स्टोरीज और रील्स में शेयर किया जा सकता है।

    मेटा के चीफ एआई ऑफिसर अलेक्जेंडर वांग ने बताया कि वाइब्स के शुरुआती संस्करण के लिए कंपनी ने एआई इमेज जेनरेटर मिडजर्नी और ब्लैक फॉरेस्ट लैब्स के साथ साझेदारी की है, जबकि मेटा अपने एआई मॉडल्स को डेवलप करना जारी रखे हुए है। हालांकि, यूजर्स इस नए फीड के लिए उत्साहित नहीं हैं। कमेंट्स में कई लोगों ने इसे अनावश्यक बताया

    इस कदम से यह स्पष्ट है कि मेटा एआई टेक्नोलॉजी में और अधिक प्रवेश कर रही है। जून में कंपनी ने अपने एआई प्रयासों को पुनर्गठित करते हुए “मेटा सुपर इंटेलिजेंट लैब्स” की स्थापना की और एआई विभाग को चार समूहों में विभाजित किया-फाउंडेशन मॉडल्स, रिसर्च, प्रोडक्ट इंटीग्रेशन और इन्फ्रास्ट्रक्चर। वाइब्स की शुरुआत से यह स्पष्ट है कि मेटा एआई में अधिक निवेश कर रहा है, लेकिन यूजर्स की प्रतिक्रिया देखना अभी बाकी है कि क्या यह नया फीड सोशल मीडिया की दुनिया में लोकप्रिय हो पाएगा?