UPI: एक साल में यूपीआई ट्रांजेक्शन 240 अरब के पार, रोजाना हो रहे 80 करोड़ लेन-देन
NPCI Digital Payment Growth 2026
: भारत का यूपीआई सिस्टम FY26 में जबरदस्त ग्रोथ की ओर बढ़ रहा है। करीब 30% सालाना वृद्धि के साथ डिजिटल पेमेंट का दायरा बढ़ने के बाद फिनटेक कंपनियां अब MDR लागू करने की मांग कर रही हैं ताकि उन्हें स्थायी रेवेन्यू मिल सके। जानिए इसके बारे में विस्तार से...

वित्त वर्ष 2026 (FY26) में यूपीआई ट्रांजेक्शन की संख्या 240 अरब तक पहुंचने का अनुमान है, जो पिछले वर्ष की तुलना में करीब 30 प्रतिशत अधिक है। इस साल दैनिक औसत ट्रांजेक्शन 657 मिलियन रहा, जबकि मार्च में इसने 800 मिलियन का एतिहासिक आंकड़ा पार किया। बढ़ती लोकप्रियता के बीच डिजिटल पेमेंट कंपनियां अब मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) को फिर से लागू करने की वकालत कर रही हैं।

लगातार बढ़ता ग्राफ
- FY24: 131 अरब ट्रांजेक्शन
- FY25: 185 अरब ट्रांजेक्शन
- FY26 (अनुमानित): 240 अरब ट्रांजेक्शन
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रोजाना 100 करोड़ ट्रांजेक्शन का लक्ष्य
NPCI (नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया) और सरकार का लक्ष्य प्रतिदिन एक बिलियन (100 करोड़) ट्रांजेक्शन का आंकड़ा छूना है। मौजूदा रफ्तार को देखते हुए, मार्च में दर्ज किए गए 800 मिलियन दैनिक ट्रांजेक्शन के बाद यह लक्ष्य अगले वित्त वर्ष में हासिल होता दिख रहा है।
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