AI की अंधी दौड़ पर रोक लगाने की मांग: सैन फ्रांसिस्को की सड़कों पर उतरा जनसैलाब, बड़ी कंपनियों को दी चेतावनी

Nitish Kumar
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीNitish Kumar
Tue, 24 Mar 2026 05:39 PM IST
सार

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की अंधी दौड़ के खिलाफ अब आम जनता ने मोर्चा खोल दिया है। सैन फ्रांसिस्को में Stop the AI Race ग्रुप के प्रदर्शनकारियों ने एंथ्रोपिक, ओपनएआई और एक्सएआई जैसी दिग्गज कंपनियों के दफ्तरों के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने बेहद एडवांस एआई के विकास पर तुरंत रोक लगाने की मांग की।

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एआई पर रोक लगाने के लिए हो रहे प्रदर्शन - फोटो : X (@MichaelTrazzi)

    दुनिया की टेक राजधानी कहे जाने वाले सैन फ्रांसिस्को की सड़कें इन दिनों नारों से गूंज रही हैं। मामला एआई के भविष्य और इससे जुड़े खतरों का है। दर्जनों लोग बैनर और पोस्टर लेकर एंथ्रोपिक (Anthropic) के मुख्यालय के बाहर जमा हुए और वहां से मार्च करते हुए ओपनएआई (OpenAI) और एलन मस्क की कंपनी xAI तक पहुंचे। इन प्रदर्शनकारियों का एक ही नारा है- "एआई की इस खतरनाक रेस को अभी रोकें।"

    सशर्त रोक लगाने की मांग
    सशर्त रोक लगाने की मांग - फोटो : X (@MichaelTrazzi)

    प्रदर्शनकारी चाहते हैं कंडीशनल पॉज हो लागू

    प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे माइकल ट्राजी ने साफ शब्दों में कहा कि उनका मकसद इन कंपनियों को एक कंडीशनल पॉज यानी सशर्त रोक के लिए राजी करना है। वे चाहते हैं कि दुनिया की बड़ी टेक कंपनियां सार्वजनिक रूप से यह वादा करें कि वे फिलहाल बेहद उन्नत सिस्टम के विकास को रोक देंगी। ट्राजी का मानना है कि अगर सभी दिग्गज कंपनियां एकजुट हो जाएं, तो इस विकास को कुछ समय के लिए थामना मुमकिन है।

    एडवांस एआई मॉडल से डर
    एडवांस एआई मॉडल से डर - फोटो : X (@MichaelTrazzi)

    इंसानों के लिए खतरा बन सकता है खुद को बेहतर बनाने वाला AI

    लोग खुद को बेहतर बनाने वाला AI सिस्टम्स से डरे हुए हैं। प्रदर्शनकारियों का तर्क है कि आने वाले समय में एआई सिस्टम इतने ताकतवर हो सकते हैं कि वे खुद को बेहतर बनाने लगेंगे और एआई रिसर्च को पूरी तरह ऑटोमेट कर देंगे। अगर ऐसा हुआ, तो यह इंसानियत के लिए बड़ा खतरा साबित हो सकता है। दिलचस्प बात यह है कि ट्राजी के अनुसार, यह डर सिर्फ प्रदर्शनकारियों का नहीं है, बल्कि कई एआई कंपनियों के बड़े अधिकारी भी दबी जुबान में इन खतरों को स्वीकार कर चुके हैं।

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