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अब तुममें वो बात नहीं

                
                                                         
                            अब तुममें वो बात नहीं,
                                                                 
                            
जैसे मेरे थे पहले अब वैसे तो जज्बात नहीं,
अब तुममें वो बात नहीं !

वो रात रात तकना मेरा, बन चकोर उस चंदा को,
वो तन्हाई मे घुटकर जीना, जैसे कैद परिंदा हो,
हर आहट पे तेरी चाहत, अब ऐसे तो हालात नहीं,
अब तुममें वो बात नहीं....

हर बात पे तेरी हाँ कहना, हर दर्द में मेरा मुस्काना,
हर मौसम में तेरी चाहत, हर हाल तुझी पे मर जाना,
सारी दौलत तुझपे बाटूं, इतनी तो खैरात नहीं,
अब तुममें वो बात नहीं...

Dheeraj yadav(dheerajdy)
Unnao(u. p)
8532828186



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6 वर्ष पहले

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