जीवन पथ पर ना विचलित हो ना अकुलाओ,
एक दीपक मन की देहरी पर ज़रूर जलाओ !
यह जीवन चाहे जितना भी दुरूह लगने लगे,
जीने की आस और उम्मीद को और बढ़ाओ !
हर पग पर मिलेंगी मुश्किलें और होगी परेशानी,
पर उन सबसे जूझकर सफलता पाते जाओ !
स्वार्थ की दुनिया है ,यहाँ कोई साथ नहीं देता,
हिम्मत टूटने लगे तो खुद ढाढस बंधाते जाओ !
कोई किसी की किस्मत नहीं बदल सकता,
मेहनत से किस्मत को भी दोस्त बनाते जाओ !
ज़ब कोई साथ ना दे, तुमसे किनारा करने लगे,
थामो अपना हाथ कसकर आगे बढ़ते जाओ !
-त्रिपुरा कौशल
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