दूर करो बेरोजगारी
दूर करो लाचारी
लो जिम्मेदारी
रहो आभारी
करो कर्म भारी
दरिद्रता को भगाना है
समृद्ध हिंदुस्तान बनाना है
सुख का बागान लगाना है
स्वदेश को चमकाना है
तारों को धरा पर लाना है।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'
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