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'दिल्ली' शहर पर कहे गए शेर...

'दिल्ली' शहर पर कहे गये शेर...
                
                                                         
                            दिल्ली सिर्फ देश बर की राजधानी ही नहीं है, साझा संस्कृति का केंद्र भी है। उर्दू शायरी के बड़े-बड़े दिग्गजों ने दिल्ली के रहन-सहन और तहज़ीबों को शायरी में बड़े सलीके से ढाला है। पेश है दिल्ली शहर पर शायरों के अल्फ़ाज़-  
                                                                 
                            

दिल्ली कहाँ गईं तिरे कूचों की रौनक़ें 
गलियों से सर झुका के गुज़रने लगा हूँ मैं 
- जाँ निसार अख़्तर

दिल की बस्ती पुरानी दिल्ली है 
जो भी गुज़रा है उस ने लूटा है 
- बशीर बद्र
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6 वर्ष पहले

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