आगरा के जैतपुर-बाह क्षेत्र के पंडालों में देवी प्रतिमा की प्रतिष्ठा के साथ जवारे बोए गये थे। मंगलवार काे गांव कस्बों से जवारे और प्रतिमा विसर्जन के लिए महिला श्रद्धालुओं की टोलियां निकली। 'कन्या बनके मैया आई जईयो, बुलावे जोगन तेरी...' जैसे माता के भजन गाते हुए नाचती महिलाओं की टोलियों ने जमकर अबीर गुलाल उड़ाया। आगरा इटावा स्टेट हाइवे से लेकर फरैरा, बासौनी, जैतपुर, कचौराघाट, नहटोली, अभयपुरा, भदरौली, पुराकनेरा, रैंका, बिचोला, रजपुरा, होलीपुरा मार्ग पर ढोल नगाढे़ और डीजे पर झूमते भक्त यमुना नदी के विभिन्न घाटों पर पहुंचे। नवरात्र में अंकुरित जवारे यमुना नदी में विसर्जित किए। महिलाओं राधिका, पूनम, अर्पणा, मोहिनी, रागिनी, ममता ने बताया कि माता रानी से परिवार की सुख समृद्धि की कामना के साथ जवारे अंकुरित किए थे। जिन्हें यमुना में विसर्जित कर दिया है।