उपायुक्त जतिन लाल ने कहा कि सुरक्षित निर्माण आपदा जोखिम न्यूनीकरण का सबसे प्रभावी और स्थायी उपाय है। यदि भवन निर्माण के प्रत्येक चरण में सुरक्षा मानकों का पालन किया जाए, तो भूकंप, भूस्खलन या अन्य प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है। उन्होंने शनिवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला (छात्र) ऊना में सुरक्षित निर्माण मॉडल पर आयोजित जिला स्तरीय प्रतियोगिता में बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित होते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि इस तरह की प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों में सुरक्षित निर्माण तकनीकों और आपदा-सुरक्षा सिद्धांतों के प्रति व्यवहारिक समझ विकसित करने में सहायक सिद्ध होती हैं। उपायुक्त ने बताया कि विजेता प्रतिभागी आगामी 7 से 8 अक्तूबर तक साइंस म्यूजियम, आनंदपुर शोघी में आयोजित होने वाली राज्य स्तरीय सुरक्षित निर्माण मॉडल प्रतियोगिता में भाग लेंगे। राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के विजेता प्रतिभागी अपना मॉडल आपदा न्यूनीकरण प्रदर्शनी समर्थ-2025 के दौरान रिज मैदान, शिमला में प्रदर्शित करेंगे, जहां उन्हें मुख्यमंत्री द्वारा सम्मानित किया जाएगा। रावमापा(छात्र) ऊना के प्रधानाचार्य सुरेंद्र कौंडल, लोक निर्माण विभाग के अधिषाशी अभियंता के एस ठाकुर, उपनिदेशक कार्यालय से नोडल अधिकारी(इंस्पायर) पुष्पा रानी, डीडीएमए ऊना के इंचार्ज राजन कुमार सहित अन्य उपस्थित रहे।