97 भाषाएं, चेहरे के हाव-भाव और सिंथआईडी सुरक्षा: गूगल ने लॉन्च किया नया जेमिनी 3.8 लाइव अवतार, कैसे करेगा काम?

जागृति शुक्ला
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीजागृति शुक्ला
Sat, 26 Sep 2026 05:01 PM IST
सार

एआई अब सिर्फ सुनेगा ही नहीं, बल्कि आपको देखकर चेहरे के हाव-भाव के साथ जवाब भी देगा। गूगल ने जेमिनी 3.8 लाइव विथ लाइव अवतार लॉन्च कर दिया है, जो 97 भाषाओं और स्मार्ट बैकग्राउंड टास्क फीचर्स से लैस है। यह डिजिटल अवतार काम कैसे करता है और कितना सुरक्षित है? आइए समझते हैं इसके बारे में विस्तार से...

Google Gemini Gets Live Avatar, Talks 97 Languages and Handles Tasks
गूगल जेमिनी 3.8 लाइव (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : एआई जनरेटेड

    विस्तार

    गूगल ने अपने सबसे एडवांस्ड वॉयस मॉडल के नए वर्जन जेमिनी 3.8 लाइव विथ लाइव अवतार को ऑफिशियली लॉन्च कर दिया है। इसके साथ कंपनी ने अपने रीयल-टाइम वॉयस मॉडल को एक डिजिटल इंसानी चेहरा यानी लाइव अवतार दिया है।

    यह एआई सिर्फ यूजर की आवाज सुनकर जवाब नहीं देगा, बल्कि यूजर को देख भी सकेगा। यह लगभग रीयल-टाइम में वॉयस और वीडियो दोनों के जरिए सीधे जवाब देने में सक्षम है।

    गूगल का कहना है कि लाइव अवतार को इस तरह तैयार किया गया है कि डिजिटल अवतार इंसानों की तरह नेचुरल चेहरे के हाव-भाव दिखा सकें। इसके अलावा अवतार के लिप्सिंग मूवमेंट बोले जा रहे शब्दों के साथ सटीक तरीके से सिंक होगी, जिससे बातचीत ज्यादा नेचुरल महसूस होगी।

    बिजनेस और एंटरप्राइज यूजर्स के लिए बनाया गया

    गूगल के अनुसार, यह विजुअल एआई फीचर खास तौर पर एंटरप्राइज और बिजनेस यूजर्स को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। इसका इस्तेमाल कई तरह के कामों में किया जा सकता है। इसमें कस्टमर सपोर्ट, वर्चुअल असिस्टेंट और किसी प्रोडक्ट या सर्विस का लाइव व इंटरैक्टिव वॉकथ्रू शामिल है। जेमिनी 3.8 लाइव विथ लाइव अवतार अब जेमिनी एंटरप्राइजेस के जरिए बिजनेस यूजर्स के लिए पूरी तरह उपलब्ध है।

    ऑडियो और वीडियो को एक साथ समझेगा एआई

    • गूगल ने अपने ब्लॉग पोस्ट में बताया कि जेमिनी 3.8 लाइव की सफलता को आगे बढ़ाते हुए लाइव अवतार को पेश किया गया है। इसका मकसद कंपनी के नेटिव लाइव डायलॉग मॉडल्स में रीयल-टाइम विजुअल प्रेजेंस जोड़ना है।
    • लाइव अवतार एक साथ ऑडियो और विजुअल इनपुट को प्रोसेस कर सकता है। यानी जब यूजर इससे बात कर रहा होगा, तब AI कैमरे के जरिए यूजर या उसके सामने रखी किसी चीज को देख भी सकेगा।
    • इसके बाद एआई अपनी आवाज, चेहरे के हाव-भाव और वीडियो के जरिए तुरंत प्रतिक्रिया देगा। इससे बातचीत केवल आवाज तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि विजुअल इंटरैक्शन भी इसका हिस्सा होगा।

    इस एआई अवतार की एक खासियत बैकग्राउंड टास्क करने की क्षमता भी है। अगर यूजर बातचीत के दौरान इससे किसी जानकारी को चेक करने या कोई टास्क पूरा करने के लिए कहता है, तो AI बातचीत को रोके बिना उस काम को बैकग्राउंड में पूरा कर सकता है। यानी AI एक तरफ यूजर से बातचीत जारी रख सकता है और दूसरी तरफ दिए गए जटिल काम को बैकग्राउंड में पूरा कर सकता है।

    97 भाषाओं में कर सकता है बातचीत

    • गूगल का नया लाइव अवतार 97 अलग-अलग भाषाओं में बातचीत को सपोर्ट करता है। इससे अलग-अलग भाषाओं में बात करने वाले यूजर्स के लिए भी इसका इस्तेमाल आसान हो सकता है।
    • खास बात यह है कि जब एआई भाषा बदलेगा, तो सिर्फ उसकी आवाज ही नहीं बदलेगी। उसके होठों की हलचल और चेहरे के एक्सप्रेशन्स भी बदली हुई भाषा के अनुसार अपने आप बदल जाएंगे। इससे अलग-अलग भाषाओं में बातचीत के दौरान भी अवतार का विजुअल एक्सप्रेशन ज्यादा नेचुरल रखने की कोशिश की गई है।

    कंपनियां चुन सकेंगी अलग-अलग चेहरे और आवाज

    • बिजनेस यूजर्स के लिए गूगल कई तरह के चेहरे और आवाज वाले प्री-सेट अवतार उपलब्ध करा रहा है। कंपनियां अपनी जरूरत और पसंद के अनुसार इनमें से अवतार चुन सकती हैं। इसके अलावा गूगल कंपनियों को सिर्फ एक हाई-क्वालिटी फोटो की मदद से अपना कस्टम एनिमेटेड अवतार बनाने की सुविधा भी दे रहा है। यह कस्टम अवतार कंपनी के किसी ब्रांड एंबेसडर या कैरेक्टर जैसा दिख सकता है।
    • हालांकि, कस्टम अवतार बनाने की सुविधा फिलहाल सभी यूजर्स के लिए उपलब्ध नहीं है। अभी इसे एंटरप्राइज अलाउलिस्टिंग के जरिए चुनिंदा कंपनियों को दिया जा रहा है। यानी सामान्य यूजर्स को इस सुविधा के लिए फिलहाल इंतजार करना होगा।

    एआई कंटेंट की सुरक्षा के लिए सिंथआईडी

    • एआई से बनने वाले वॉयस क्लोन, डीपफेक और नकली वीडियो के बढ़ते इस्तेमाल को देखते हुए गूगल ने लाइव अवतार में सुरक्षा का भी इंतजाम किया है। मॉडल से जनरेट होने वाले सभी ऑडियो और वीडियो कंटेंट में इन-बिल्ट सिंथआईडी डिजिटल वॉटरमार्क का इस्तेमाल किया जाएगा। यह वॉटरमार्क इंसानों को दिखाई या सुनाई नहीं देता। हालांकि, एआई डिटेक्टर टूल इसकी पहचान कर सकते हैं।
    • गूगल के अनुसार, अगर कोई व्यक्ति एआई से बनाए गए वीडियो या ऑडियो को एडिट, ट्रिम या कंप्रेस भी कर देता है, तब भी सिंथआईडी वॉटरमार्क सुरक्षित रहता है। इसका मकसद एआई से तैयार किए गए ऑडियो और वीडियो कंटेंट की पहचान को आसान बनाना है, ताकि असली और एआई से बनाए गए कंटेंट के बीच अंतर किया जा सके।
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