वर्षों अंग्रेजों के गुलामी से, देश हुआ आजाद,
पर साथ में दे भी गया, बंटवारे का अवसाद।
अनगिनत शहीदों ने किया, देश के लिए बलिदान,
उनकी शहादत ने बढ़ाया ,भारतीय तिरंगे का मान।
देश अमर रहे, आजाद हो,सबकी थी अभिलाषा,
किये प्राण न्योछावर वीरों ने ,मन में थी आशा।
कामयाब हुई सबकी मेहनत ,मिली हमें आजादी,
रणबांकुरों ने हार नहीं मानी ,हम सब उनके आभारी।
मनाते भारत में प्रति वर्ष ,हम स्वतंत्रता दिवस,
तिरंगा फहराते,गाते, देशभक्ति गीत मिल अंतस।
लाल किले पर प्रधानमंत्री जी, फहराते तिरंगा,
करते देश को सम्बोधन ,बहाते विकास की गंगा।
स्वतंत्रता दिवस है देश की आजादी का त्योहार,
हम भारतीयों को है देश के प्रति प्रेम अपार।
स्वतंत्रता सेनानियों की शहादत, बेकार नहीं जायेगी,
भारत की प्रगतिशीलता ,दिन प्रतिदिन बढ़ती जायेगी।
सीमा केडिया ,कोलकाता