अब इस जाति को अन्तिमयात्रा पर जाने दिया जाये ,
मानवजाति में जन्मार्थ हर एक को मौलिक अस्मिता पाने दिया जाये ,
जाति अन्तातीत,समयांग,गन्तव्यरहित भी नहीं , शाश्वित हीनता देख इसकी है
सम्भावना भी शून्य परख उचित,गलत व सही !
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