पीलीभीत जिले में चल रहे रामलीला महोत्सव में मंगलवार शाम रामायण के युद्ध प्रसंगों का मंचन देखने के लिए बड़ी संख्या में दर्शक पहुंचे। कहीं भगवान राम ने कुंभकरण का वध किया तो कहीं लक्ष्मण के बाणों से मेघनाद का अंत हुआ। शहर के रामलीला मैदान में मेघनाद वध के बाद पुतला दहन किया गया। युद्ध के दृश्यों, रामचरितमानस की चौपाइयों और कलाकारों के सजीव अभिनय के बीच मैदान जय श्रीराम और लक्ष्मण की जय-जयकार से गूंजते रहे। दर्शक देर तक लीला का आनंद लेते रहे। शहर के रामलीला मैदान में मंगलवार को लक्ष्मण-मेघनाद संवाद, युद्ध, मेघनाद वध और सुलोचना सती की लीला का मंचन किया गया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि नौगवां पकड़िया नगर पंचायत अध्यक्ष संदीप-संतोख सिंह संधू रहीं। लीला का संचालन संजय पांडेय ने किया। रामायणी निशांत तिवारी और अंकुर मिश्रा ने रामचरितमानस की चौपाइयों का गायन किया। बाद में वृंदावन के कलाकारों ने भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं का मंचन किया।