एनएचएम पंजाब के सभी कर्मचारियों द्वारा पंजाब सरकार के खिलाफ हल्ला-बोल हड़ताल आज नौवें दिन में प्रवेश कर गई है। इसी के चलते सिविल अस्पताल पठानकोट निकट कर्मचारियों ने सड़क के बीच वित मंत्री पंजाब का पुतला जलाया गया। पिछले 13 दिनों से स्वास्थ्य कर्मचारी लगातार संघर्ष कर रहे हैं, परंतु पंजाब सरकार और स्वास्थ्य विभाग द्वारा अभी तक न तो कोई सुध ली गई है और न ही किसी भी तरह की बातचीत शुरू की गई है। सरकार की इस बेरुखी के कारण पूरे पंजाब में स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं। नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम) पंजाब के कर्मचारियों के साथ लगातार हो रहे सौतेले व्यवहार और सरकार की निकम्मी नीतियों के खिलाफ यूनियन ने अब आर-पार के संघर्ष का बिगुल बजा दिया है। डॉ. राजन चौधरी ने सभी से अपनी एकता बनाए रखने की अपील की ताकि सरकार के खिलाफ चल रहे इस संघर्ष में जीत प्राप्त की जा सके। डॉ. रोहित कालरा ने कहा कि सरकार की जिद और लापरवाही के कारण पंजाब की स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं। स्कूल हेल्थ स्क्रीनिंग, टीकाकरण, आई.डी.एस.पी., आयुर्वेदिक डिस्पेंसरी, टी.बी. मुक्त पंजाब मुहिम, एन.सी.डी. स्क्रीनिंग, स्वास्थ्य जागरूकता मुहिम और अन्य कई अहम सेवाएं ठप पड़ी हैं। इसके बावजूद सरकार द्वारा कोई संवेदनशीलता नहीं दिखाई जा रही। यदि सरकार ने अभी भी एन.एच.एम. कर्मचारियों की जायज मांगें नहीं मानीं तो यूनियन द्वारा सरकार के विरुद्ध रोष और भी तेज किया जाएगा और सड़कों पर रोष मुजाहरे किए जाएंगे और सरकार के झूठे वादों की पंड और पुतले फूंके जाएंगे। डॉ. विमुक्त शर्मा ने कहा कि मौजूदा वित्त मंत्री हरपाल चीमा और एम.एल.ए. अनमोल गगन मान पिछली कांग्रेस सरकार के समय हमारे धरनों में हमारे साथ आकर बैठते थे और कहते थे कि सरकार आने पर सबसे पहले एन.एच.एम. कर्मचारियों को रेगुलर किया जाएगा। पर अब सरकार के चार साल बीतने के बाद भी इनके द्वारा एन.एच.एम. कर्मचारियों की सुध नहीं ली गई। इसलिए हमें मजबूरन काम बंद करके धरनों पर बैठना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सभी एन.एच.एम. कर्मचारियों को बिना किसी देरी के तुरंत रेगुलर (पक्का) किया जाए, कर्मचारियों पर तुरंत बनता रेगुलर पे-स्केल लागू किया जाए, मौजूदा वेतन में तुरंत वृद्धि करके इंसाफ दिया जाए, लंबे समय से जानबूझकर लटकाया गया लॉयल्टी बोनस तुरंत जारी हो। यदि सरकार ने हमारी जायज मांगें नहीं मानीं तो संघर्ष को और भी तेज किया जाएगा और चंडीगढ़ में पक्का धरना लगाया जाएगा। इस दौरान यूनियन नेता दीपिका शर्मा, डॉ. सरबजीत कौर जिला एपिडेमियोलॉजिस्ट, डॉ. विनय कुंडल, डॉ. राजन, डॉ. रुकमन, क्रांति दीपिका, डॉ. हिमानी, डॉ. जीवन ज्योति, डॉ. अंबिका, डॉ. पंकज, डॉ. मीनाक्षी, नवनीत कौर, वासु महाजन, डॉ. आशीष, प्रिया महाजन, चंद्र महाजन बी.एस.ए., डॉ. आकाश रतन, जतिन कुमार, मीनाक्षी, शिव कुमार, पूजा, अर्जुन सिंह, करनवीर, कुलदीप कुमार, अश्वनी कुमार, संदीप कुमार आदि मौजूद थे।