बख्शी का तालाब के रूदही स्थित स्वर्गीय मैकूलाल पब्लिक स्कूल में रविवार को ऐतिहासिक रामलीला की फुल ड्रेस रिहर्सल हुई। इस दौरान परशुराम-लक्ष्मण संवाद और राम-रावण युद्ध सहित रामलीला के प्रमुख प्रसंगों का मंचन किया गया। कलाकारों ने पारंपरिक वेशभूषा में अपने किरदार निभाए और संवादों के जरिए मंचन को जीवंत किया। राम की भूमिका में कैश खान, लक्ष्मण के किरदार में फरहान अली, सीता के रूप में शुभम अवस्थी, रावण के रूप में सलमान खान, हनुमान के किरदार में सोनू और परशुराम की भूमिका में सतीश मौर्य नजर आए। रामलीला के मंचन में अब्दुल हसन भी राम और लक्ष्मण के किरदार निभाते दिखाई देते हैं। 1972 में रखी गई थी रामलीला की नींव बख्शी का तालाब की यह रामलीला हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल मानी जाती है। इसकी नींव वर्ष 1972 में स्वर्गीय मैकूलाल और डॉ. मुजफ्फर अली के प्रयासों से पड़ी थी। इसके बाद से हर साल दशहरे के अवसर पर बड़ी बाजार में रामलीला का आयोजन होता आ रहा है। इसमें हिंदू और मुस्लिम समुदायों के कलाकार विभिन्न पात्रों की भूमिका निभाकर इस परंपरा को आगे बढ़ाते हैं। रामलीला के मैनेजर साबिर अली के परिवार के कई बच्चे भी मंचन में प्रमुख किरदार निभाते हैं। वे लंबे समय से इन पात्रों से जुड़े हुए हैं और पूरे उत्साह के साथ अपनी भूमिकाएं निभाते हैं। 19 अक्टूबर से शुरू होगा दशहरा मेला बख्शी का तालाब नगर पंचायत के चेयरमैन गणेश रावत ने बताया कि दशहरा मेले की शुरुआत सोमवार, 19 अक्टूबर को कवि सम्मेलन के साथ होगी। मंगलवार को शिव बारात शोभायात्रा निकाली जाएगी और रात में आर्केस्ट्रा का आयोजन होगा। बुधवार को दिन में धनुष यज्ञ का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इसके बाद गुरुवार को रामलीला के दौरान रावण दहन होगा।