बढ़ते मानसिक तनाव, अवसाद और भागदौड़ भरी जीवनशैली के बीच अब महज 10 मिनट की साधना और विशेष ध्वनि तरंगों के माध्यम से मानसिक शांति पाने का दावा करने वाली एक अनूठी परियोजना आईआईटी मंडी पहुंची है। पुणे स्थित आई स्मार्ट लाइफ फाउंडेशन की ओर से विकसित की जा रही इमोशन एब्जॉर्बन ध्यान कुटीर का प्रोटोटाइप संस्थान में प्रदर्शित किया गया, जिसने शोधकर्ताओं और प्रतिभागियों का ध्यान आकर्षित किया। फाउंडेशन की मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं शोध वैज्ञानिक डॉ. नेहा साटम ने बताया कि गोबर और जूट जैसी पर्यावरण अनुकूल सामग्रियों से तैयार इस विशेष कुटीर में व्यक्ति को करीब 10 मिनट तक एकांत में बैठाया जाता है। इस दौरान समुद्र की लहरों, पानी की बौछारों, घंटियों और विभिन्न धातुओं से उत्पन्न कंपन जैसी प्राकृतिक ध्वनियां सुनाई जाती हैं। इन ध्वनियों को विशेष आवृत्तियों के साथ संयोजित कर ऐसा वातावरण तैयार किया जाता है, जिससे मन और मस्तिष्क को शांति का अनुभव हो।