अंबाला। हरियाणा के ऊर्जा, परिवहन एवं श्रम मंत्री अनिल विज ने बुधवार को अंबाला छावनी की नई अनाज मंडी का दौरा कर जीरी (धान) की फसल खरीद और मंडी में किसानों के लिए की गई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि 17 प्रतिशत से कम नमी वाली जीरी की त्वरित खरीद कर उसका तुरंत उठान सुनिश्चित किया जाए, ताकि मंडी में नई फसल लाने वाले किसानों को जगह की कमी न हो। मंडी में किसानों और आढ़तियों को संबोधित करते हुए विज ने कहा कि किसान हमारी आन, बान, शान और सम्मान हैं। मंडी में अपनी फसल लेकर आने वाले किसी भी किसान को कोई परेशानी नहीं होने दी जाएगी। उन्होंने बताया कि किसानों की सुविधा के लिए मंडी में सोने के लिए विश्राम गृह, कार्यालय और रात में भी भोजन उपलब्ध कराने के लिए कैंटीन की व्यवस्था की गई है। पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधते हुए विज ने कहा कि वर्षों तक अंबाला छावनी को अनाज मंडी के नाम पर केवल शिलान्यास के पत्थर ही मिले। 2014 में भाजपा सरकार बनने के बाद ही यहां आधुनिक अनाज मंडी का निर्माण संभव हो पाया। 1857 के शहीदों की याद में 800 करोड़ का भव्य स्मारक ऊर्जा मंत्री ने बताया कि अंबाला छावनी में 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के शहीदों की स्मृति में 800 करोड़ रुपये की लागत से 21 गैलरियों वाला भव्य शहीदी स्मारक बनकर तैयार हो गया है, जिसका जल्द ही उद्घाटन किया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि ऐतिहासिक दस्तावेजों के अनुसार, 1857 का सशस्त्र संघर्ष मेरठ से 9 घंटे पहले अंबाला छावनी में ही शुरू हुआ था। इसके अलावा शहर में साइंस म्यूजियम का निर्माण भी अंतिम चरण में है।