विज्ञापन

Hindi Ghazal: नयनों में जिसने भर लिया करुणा, क्षमा के रूप को

काव्य डेस्क

Urdu Adab
विज्ञापन
                                    
                                                                        
                            नयनों में जिसने भर लिया करुणा, क्षमा के रूप को
        
                                                    
                            
वो ही समझ सकता है केवल उर्मिला के रूप को

है दृष्टि सबके पास लेकिन श्रेष्ठ दृष्टा है वही
आकाश बनकर देखता है जो धरा के रूप को

भावी अतीत और वर्तमान इक संग में दिख जाएँगे
अवसर मिले तो देखना माता पिता के रूप को

दासी कहोगे तो स्वयं भी दास ही कहलाओगे
इक वीर बनकर देखिए वीरांगना के रूप को

जो स्वर्ग से सीधे उतरकर घर में आयी आपके
बाँहों में भरकर देखिए उस अप्सरा के रूप को

~ नवीन सी. चतुर्वेदी

हमारे यूट्यूब चैनल को Subscribe करें।

एक दिन पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all

Anita Chaturvedi

181 कविताएं

View Profile