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साहिल आप हैं

Rajan Malhotra

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            सच कहूँ मेरी रगों में अब तो शामिल आप हैं
        
                                                    
                            
मैं नहीं हूँ आपके पर मेरे क़ाबिल आप हैं।
ले चलो तूफ़ाँ में कश्ति चाहे बिन पतवार के
आप ही हैं नाख़ुदा और मेरे साहिल आप हैं।
आप अल्लाह की निगेहबानी में बस महफ़ूज़ हैं
हर दुआ में और ईबादत में तो दाख़िल आप हैं।
आप क्या देंगे सज़ा मुलज़िम को मेरे ख़ून की
आप ही मुन्सिफ़ हैं ख़ुद, मेरे क़ातिल आप हैं।
हमने सोचा था हमीं हैं बेख़बर हर ग़म से यार
हमसे भी बड़कर सनम देखो तो गाफ़िल आप हैं।
हमसे गर जो हो गईं उन ग़लतियों को बख़्श दो
हम कहाँ लायक़ हैं उतने जितने फ़ाज़िल आप हैं।
अब नहीं हसरत ज़रा भी चाँद तारों की सनम
दीप अब तो ज़िन्दगी में हमको हासिल आप हैं।
8 महीने पहले
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