नुसरत फ़तेह अली ख़ान - UNESCO ने माना था धरोहर

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आसिफ़ इक़बाल, नई दिल्ली Updated Fri, 13 Oct 2017 03:50 PM IST

नुसरत फ़तेह अली ख़ान वो शख़्सियत है जो सूफ़ी संगीत का एक निराला अंदाज़ हैं। दुनिया भर में जो लोग पंजाबी-उर्दू और क़व्वाली नहीं भी समझ पाते हैं, वो भी उनकी आवाज़ और अंदाज़ में मदहोश हो जाते हैं। नुसरत ने संगीत की सभी शैलियों को आज़माते हुए भी सूफ़ियाना अंदाज़ नहीं छोड़ा और न ही कभी ख़ुद से कोई छेड़छाड़ की। दुनिया यूं ही उनकी दीवानी नहीं है। क़व्वाली के वो बेताज बादशाह थे।

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