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आज का शब्द: शशक और केदारनाथ अग्रवाल की कविता- हरी घास पर बैठे

आज का शब्द
                
                                                         
                            'हिंदी हैं हम' शब्द शृंखला में आज का शब्द है- शशक, जिसका अर्थ है- खरगोश, चंद्रमा का कलंक। प्रस्तुत है केदारनाथ अग्रवाल की कविता- हरी घास पर बैठे
                                                                 
                            

शशक
तुम-
प्राकृत जैविक तनधारी
हरी घास पर बैठे
मुझको दिखते प्रिय लगते हो
श्वेत
कपासी
परम अभाषिक
मौन समान,
भाषिक होकर
जो बन जाता
मेरी कविता की प्रतिमूर्ति,
जिससे होती
सम्मोहन की पूर्ति

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6 महीने पहले

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