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"मैं ही बिहार हूँ"

                
                                                         
                            मैं ही बिहार हूँ
                                                                 
                            
बुद्ध,नानक,महावीर का निवास हूँ,
दिखाए विश्व को शांति की राह,वो मैं प्रकाश हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

देश-विदेश से लोग आते हैं यहाँ
यहाँ के सिवा शांति मिलेगी कहाँ
मैं शांति का आखिरी मुकाम हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

चाहे युद्ध-स्थल हो या स्थल हो शांति का
पहल किया है सद्भावना और क्रांति का
मैं सम्राट चक्रवर्ती अशोक कुमार हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

मैं प्रथम लोकतंत्र की माता हूँ
सम्पूर्ण जगत का भाग्य विधाता हूँ
दिखाए जो आँख, उसके लिए धनुष-टंकार हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!


आये हैं यहाँ राम,सीता और लक्ष्मण
आत्माओं को मिलता मोक्ष यहाँ,
प्रत्येक क्षण,प्रत्येक क्षण,प्रत्येक क्षण
जो आये दर पे मेरे उसके लिए मुक्ति धाम हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

शास्त्रों ने भी माना है
बिहार शांति का खजाना है
ईद,होली,और दीपावली, सद्भावना का पैमाना है
चलाए जो तलबार मुझ पर,उसके लिए मैं ढाल हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

अंतरिक्ष में आर्यभट्ट
गणित में रामानुजाचार्य हूँ
खगोल विद्या में बराहमिहिर
आई आई टी में आनंद कुमार हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

रघुनन्दन ने बध किया बक्सर में ताड़कासुर का
नन्द-नन्दन ने पग रखा है सीने पर गयासुर का
अन्याय के खिलाफ लड़ने वाला मैं एक न्याय हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

आये हैं यहाँ ह्वेनसांग और फ़ाहियान
उनकी कृतियों से मिला है कुछ तो ज्ञान
शिक्षा के क्षेत्र में ओदंतपुरी और नालन्दा बिहार हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

वेदों में ऋग्वेद ग्रन्थों में गीता हूँ
पुरुषों में राम माताओं में सीता हूँ
भ्राता में भरत पुत्रों में श्रवण कुमार हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

भक्तों में वीर हनुमान
मित्रों में कृष्ण हूँ
शिष्यों में आरुणि
कर्ण जैसा दानवीर हूँ
मैं ही बिहार हूँ!!

तीर्थों में उत्तराखंड
सत्यों में राजा हरिश्चंद्र हूँ
किताबों में संविधान
अपराधों के लिए प्राण दण्ड हूँ
मैं ही बिहार हूँ!!

खुशियों में गूंजने वाली शहनाई हूँ
नदियों में गंगा माई हूँ
युद्धों में कलिंग
धनुर्विद्या में अर्जुन कुमार हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

राजाओं में दशरथ
योद्धाओं में भीम हूँ
बृक्षों में पीपल
औषधियों में नीम हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

दूरदर्शन की आवाज़ हूँ
राजनीति का आगाज़ हूँ
राष्ट्रपतियों में राजेंद्र प्रसाद हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

ऋषियों का शृंगार हूँ
अतिथियों का सत्कार हूँ
धरा पर मैं सत्य का अवतार हूँ।
मैं ही बिहार हूँ!!

 
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