एक मुद्दत से आसमान पर हूँ।
बेशक हवा में तेरे नाम पर हूँ।।
इश्क का एक अन्जाम है तूँ।
मैं 'उपदेश' उसी धाम पर हूँ।।
- उपदेश कुमार शाक्यावार 'उपदेश'
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