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मैं मेरी कविता और बबीता

                
                                                         
                            खड़े थे हम दोनों मैं और मेरी फ्रेंड कविता
                                                                 
                            
कविता ने कहा मुझसे
मुझे भी सुना दो कोई अपनी कविता
कविता को मैं सुना रहा था कविता
तभी आ गई कविता की सहेली बबीता
बबीता बोली
झगड़ा है मेरे और बीच कविता
मैं ना सुनना चाहूं मुंह से एक भी लफ्ज़ ए कविता
मैंने कहा ठीक है बबीता
तुमसे ना बोलेगी कविता
फिर मैंने सुनाना शुरू की अपनी कविता
तभी तैश में आ गई कविता
बोली बंद करो बकवास अब ना सुनूंगी
तुम्हारा एक भी शब्द ए कविता
इतना कह कर चली गई वहां से
दोनों कविता और बबीता
रह गया मैं और मेरी कविता
कैसी लगी तुमको यह कविता...
 
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43 मिनट पहले

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