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जिस पल तुमने मुझे अपना कहा

Jis Pal Tumane Mujhe Apana Kaha
                
                                                         
                            जिस पल तुमने मुझे अपना कहा
                                                                 
                            
तेरे स्नेह ने मुझको जीत लिया
अब असर रहेगा जीवन भर
अमृत घट तुमने मनमीत दिया
जितना भी क्रोध करोगे तुम
एक बोझ बढ़ेगा अब मुझपर
एक एक लम्हे को जिया है
तेरे स्नेह का अमृत पीया है
सदियों का सुख जैसे पाया
जब मुझपे पड़ी तेरी छाया
एक बार अगर तुम रुष्ट हुए
काले जीवन के पृष्ठ हुए
मैंने साँसों को अब स्वेच्छा से
मानो तुमको उपहार दिया
जिस पल तुमने मुझे अपना कहा
तेरे स्नेह ने मुझको जीत लिया

सरोज यादव सरु
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8 वर्ष पहले

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