हुँकार भर रहा हिंदुस्तान, तिलमिला उठा पाकिस्तान!
तू चींटी मैं हाथी,
बस साथ निभाना साथी!!
सेना ने लायी ये बहार,
अब नहीं सहेंगे अत्याचार! टूटा है अब ये सब्र,
तैयार है आतंकियों की कब्र!! मिटा अँधकार निकला है फक्क उजाला, आतंक के विरोध में भारत माँ बनी है ज्वाला! थँमेगा नहीं ये अभियान, हुँकार भर रहा हिंदुस्तान!! आज लगी है ये चिंगारी,
जिस पर कायम है सरजमीं सारी! होगा अब कश्मीर का उत्थान, हुँकार भर रहा हिंदुस्तान!!
-पंडित अभिषेक
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