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माँ की जगह कोई नहीं ले सकता

                
                                                         
                            माँ
                                                                 
                            
साथ देने वाले तो बहुत है
माँ त्याग करके जो खुशी देती है ,उसे किसी ने नही लिया जा सकता
बाजार तो बहुत है पर
माँ वो सूख देती है जिसे खरीदा नही जा सकता
देकर लेने वालों के कर्ज़े तो थोड़े
पर माँ का जो कर्ज है वो कुछ देने से भी चुकाया नही जा सकता
माँ में न है ही नही
बाकी न तो दुनिया कह देती है
इसलिए कोई उनकी जगह नही ले सकता
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13 घंटे पहले

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