धन-दौलत सब से बढ़ कर वक़्त ज़्यादा क़ीमती है
कोई इस की क़ीमत नहीं लगा सकता,
खोया हुआ धन फिरसे कमाया जा सकता है मग़र
खोया हुआ वक़्त फिर नहीं आ सकता!
-ङएन. आर. कस्वाँ
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