घमंड में इंसान
ख़ुद को सबसे,
जुदा समझने लगता है।
जो ज़मीं पर खिलने के
क़ाबिल नहीं होते,
वो भी ख़ुद को,
ख़ुदा समझने लगते हैं।।
-ममता तिवारी
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