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एक न एक दिन:.......

                
                                                         
                            बिना मेहनत के
                                                                 
                            
कुछ हासिल करूँ
यह मंजूर नहीं
मेहनत पर ही विश्वास है

एक न एक दिन
मंजिल जरूर मिलेगी
मेहनत ही हमारे हाथ है
बैठने से अच्छा है

मेहनत किया जाए
मेहनत से बड़ी ना
कोई सौगात है
मेहनत से ही मिलती
सफलता और ताज है।।
-ममता तिवारी
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3 घंटे पहले

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