एहसास को भी एहसास हो
वह एहसास लिखते हैं
जिंदगी की कड़वी सच्चाई
खुलेआम लिखते हैं
जो दिल चाहता है.......
वही अल्फाज लिखते हैं
दिल की कलम से....….
दिल के जज़्बात लिखते हैं।।
-ममता तिवारी
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