एक था धनवान
एक था बुद्धिमान
एक था पहलवान
एक था मामूली इन्सान
एक दिन पास की
झुग्गी मे आग लग गई
धनवान ने धन की
पोटली खोल दी
बुद्धिमान ने फायर ब्रिगेड
को सूचना बोल दी
पहलवान ने कम्बल ओढ़कर
झुग्गी मे प्रवेश किया
अंदर फंसे लोगो को उसने
बाहर निकाल लिया।
मामूली इन्सान शुरू
से ही पानी डालने लगा
जब तक फायर ब्रिगेड आई
आग को फैलने से रोके रखा
यह थी आपसी एकता
की स्पष्ट मिसाल
इसमें सब रहते हैं पूरी
तरह खुशहाल।
- गोपाल शर्मा
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