धन्य धन्य बा गया नगरी
बसल बा फल्गु के कगरी
जहां बा ढेरे पर्वत पठार
जहां मिलल तरे के आधार
जहां गूंजे भोरे भोरे
होत सवेरे
मंदिर में हनुमान चालीसा
मंदिर मंदिर में राम चालीसा
और मस्जिद में अजान
इहे ह हमार हिंदुस्तान
के असल पहचान
जहां गयासुर कईलें तप भारी
होके आभारी
अईलें विष्णु भगवान
देंले बड़ बड़ बरदान
जे करी पिंडदान
पितृ पक्ष के बेला में
आके गया के मेला में
जईहे ओकर सात पुहुत तरी
जे आके गया में पिंडदान करी
अईसन पावन ह ई गया नगरी
जहां आके गौतम बनलें बुद्ध भगवान
जहां आके करोड़ों लोगवा करे पिंडदान
गया जी के जाने-माने हिंदुस्तान
गया जी के बा हिंदुस्तान में प्रथम स्थान
गया जी के बा एह जहान में प्रथम स्थान।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'
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