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'कश्ती' पर कहे शायरों के अल्फ़ाज़

kashti shayari collection
                
                                                         
                            एक सुराख़ सा कश्ती में हुआ चाहता है
                                                                 
                            
सब असासा मिरा पानी में बहा चाहता है
- शकील आज़मी


काग़ज़ी कश्ती की आमद का इशारा मिल गया
डूबने वाले को तिनके का सहारा मिल गया
नासिरा ज़ुबेरी
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5 वर्ष पहले

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