बरेली के शाही क्षेत्र के निवासी धर्मवीर के प्यार की खातिर रामपुर जिले की फरहाना अब पल्लवी बन गईं। उन्होंने बरेली के अगस्त्य मुनि आश्रम में सात फेरे लिए और हिंदू धर्म में आस्था जताई। रामपुर के मिलक थाने के गांव करपिया निवासी फरहाना उर्फ पल्लवी ने बताया कि वह परिवार के साथ चंडीगढ़ में रहकर काम करती थीं। वहीं बरेली के शाही थाने के विक्रमपुर कुल्छा निवासी धर्मवीर भी परिवार के साथ रहकर काम करते थे। दोनों करीब पांच साल से एक-दूसरे को जानते थे। दोनों ने कुछ समय पहले साथ शादी का फैसला कर लिया। फिर किसी से जानकारी करके बरेली पहुंचे। मंगलवार रात आचार्य केके शंखधार ने इनके प्रमाणपत्रों को देखकर विधिविधान से इनका विवाह करा दिया। इससे पहले फरहाना का शुद्धि संस्कार किया गया। उसका नाम पल्लवी रखा गया। पल्लवी का कहना था हिंदू धर्म में उसकी पहले से आस्था थी। यहां तीन तलाक व हलाला जैसा डर नहीं है बल्कि नारी को शक्ति के रूप में सम्मान दिया जाता है। वह शादी करके खुश हैं।