पश्चिम एशिया में युद्ध के चलते रसोई गैस सिलिंडर के लिए मारामारी मची हुई है। लोग गैस सिलिंडर के लिए एजेंसी के बाहर लाइन लगाकर घंटों खड़े हो रहे हैं। वहीं गैस सिलिंडर के अभाव में बरेली के परिषदीय विद्यालयों में मध्याह्न भोजन लकड़ी जलाकर पकाया जा रहा है, जिससे व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। यह हकीकत शनिवार को परिषदीय स्कूलों में की गई पड़ताल में सामने आई। हाफिजगंज क्षेत्र के कंपोजिट प्राथमिक विद्यालय हाफिजगंज में व्यवस्था पूरी तरह पटरी से उतर चुकी है। यहां 330 बच्चों के लिए शनिवार को तहरी लकड़ी के चूल्हे पर बनाई गई, जबकि शनिवार को मौसमी सब्जी और चावल बच्चों को बांटा जाना था। प्रधानाचार्य गीता माथुर ने बताया कि गैस सिलिंडर उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। नया सिलिंडर प्राप्त करने के लिए भी बीएसए के अनुमति पत्र की बीएसए के अनुमा प्रतीक्षा की जा रही है। तब तक बच्चों को धुएं के बीच बना भोजन खाने को मजबूर होना पड़ रहा है।