मानसा में झोटा हत्याकांड के बाद पंजाब बंद के आह्वान का असर मोहाली जिले में भी देखने को मिला। जीरकपुर, डेराबस्सी, लालडू, खरड़, कुराली और मोहाली में कई जगह प्रदर्शनकारियों ने सड़कों पर आवाजाही रोक दी। मोहाली के एंट्री और एग्जिट प्वाइंट बंद होने से दफ्तर जाने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई जगह लोगों को वैकल्पिक रास्तों की जानकारी नहीं मिल सकी। ऐसे में उन्हें जिस रास्ते से आने की कोशिश की, उसी रास्ते से वापस लौटना पड़ा। सुबह से ही प्रमुख चौकों और सड़कों पर प्रदर्शनकारियों की मौजूदगी के कारण यातायात प्रभावित रहा। मोहाली से चंडीगढ़ जाने वाले लोगों को भी परेशानी झेलनी पड़ी। प्रदर्शनकारियों ने रास्तों से गुजरने की कोशिश कर रहे लोगों को रोक दिया। इस दौरान दफ्तर जाने वाले कुछ लोगों और प्रदर्शनकारियों के बीच बहस भी हुई। स्थिति को संभालने के लिए फेज-7 चौक समेत कई स्थानों पर पुलिस को बीच-बचाव करना पड़ा। यह हालात दिनभर शहर में बने रहे। पुलिस के हस्तक्षेप के बाद भी नहीं मिली एंट्री चंडीगढ़ जाने के लिए निकले लोगों को रास्ते में रोकने के बाद पुलिस ने उन्हें वैकल्पिक मार्गों से जाने की सलाह दी। पुलिस के हस्तक्षेप के बाद भी संबंधित रास्ते से चंडीगढ़ की ओर जाने की अनुमति नहीं दी गई। इससे रोजाना काम के सिलसिले में मोहाली और चंडीगढ़ के बीच आने-जाने वाले लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। लोगों का कहना था कि उन्हें समय पर अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए दूसरे रास्तों की जानकारी नहीं मिल पाई। वहीं, प्रदर्शनकारियों का कहना था कि पंजाब बंद का पहले ही एलान किया जा चुका था। इसके बावजूद लोग रास्ता खुलवाने के लिए उनसे बहस कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों ने बंद के दौरान लोगों से सहयोग करने की अपील की। खरड़ हाईवे पर रोकीं सरकारी बसें खरड़ में गोपाल स्वीट्स के पास हाईवे को पूरी तरह बंद कर दिया गया। यहां सरकारी बसों को भी रोक दिया गया। सुबह से बसों की आवाजाही प्रभावित होने के कारण यात्रियों को परेशानी हुई। बसों में सफर कर रहे यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए पैदल जाने को मजबूर होना पड़ा। अचानक बसें रुकने से यात्रियों को वैकल्पिक साधनों का सहारा लेना पड़ा। फेज-5 और फेज-9 में शराब के ठेके बंद करवाए पंजाब बंद के दौरान मोहाली के फेज-5 में प्रदर्शनकारियों ने शराब के ठेके बंद करवा दिए। इसके अलावा फेज-9 में भी शराब के ठेके बंद करवाए गए। सड़कों पर आवाजाही रोकने और व्यावसायिक गतिविधियों को बंद करवाने का असर आम लोगों की दिनचर्या पर पड़ा। हालांकि, एंबुलेंस और अस्पताल जाने की मजबूरी बताने वाले लोगों को रास्ते से गुजरने दिया गया। जीरकपुर में ओल्ड कालका रोड बंद पंजाब बंद की कॉल के चलते जीरकपुर में ओल्ड कालका रोड बंद कर दी गई, जिससे इस मार्ग से आने-जाने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। सड़क बंद होने के कारण वाहन चालकों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ा। डेराबस्सी के स्कूलों में छुट्टी पंजाब बंद की कॉल के मद्देनजर डेराबस्सी में स्कूलों की छुट्टी कर दी गई। सुबह रोजाना की तरह स्कूल पहुंचे विद्यार्थियों को छुट्टी की सूचना मिलने के बाद वापस घर भेज दिया गया। अचानक छुट्टी होने के कारण विद्यार्थियों और अभिभावकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। जीरकपुर के जीएस मेमोरियल स्कूल में भी छुट्टी कर दी गई।