जालंधर में सफाई सेवकों की अनिश्चितकालीन हड़ताल के कारण सफाई व्यवस्था चरमरा गई है। अपनी सेवाओं को पक्का करने की मांग को लेकर पिछले पांच दिनों से कचरा उठाने का काम बंद है, जिसके परिणामस्वरूप जालंधर की सड़कों, बाजारों और गलियों में जगह-जगह कूड़े के पहाड़ खड़े हो गए हैं। सोमवार को जालंधर के सांसद चरणजीत सिंह चन्नी और कांग्रेस विधायक परगट सिंह ने इस स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए पंजाब सरकार पर निशाना साधा। अर्बन एस्टेट फेज-2 में शहर की बिगड़ती सफाई व्यवस्था का विरोध करते हुए चन्नी और परगट सिंह ने कहा कि पंजाब सरकार बड़े-बड़े वादे तो करती है, लेकिन जमीनी स्तर पर काम नजर नहीं आता। उन्होंने आरोप लगाया कि शहर में जमा कचरा सरकार की नाकामी को दर्शाता है। नेताओं ने यह भी कहा कि सरकार सफाई कर्मचारियों की जायज मांगों को सुनने के बजाय आम जनता और कर्मचारियों को आपस में लड़ाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने बरनाला का उदाहरण देते हुए कहा कि जालंधर में भी वैसी ही स्थिति पैदा हो गई है, जबकि शहर को स्मार्ट सिटी बनाने का दावा किया जाता है।