जिला ऊना की उपतहसील जोल में इन दिनों गेहूं की कटाई का कार्य लगभग पूरा हो चुका है। अधिकांश किसानों ने अपनी फसल को इकट्ठा कर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया है, लेकिन अभी भी कई किसानों की तूड़ी खेतों में पड़ी हुई है, जिससे वे मौसम को लेकर चिंतित हैं। मंगलवार सुबह करीब सात बजे अचानक आसमान में काले बादल छा जाने से किसानों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मौसम के अचानक बदले रुख को देखकर किसान तुरंत अपने-अपने खेतों की ओर दौड़ते नजर आए। इस दौरान हल्की बूंदाबांदी भी हुई, जिससे किसानों की चिंता और बढ़ गई। खेतों में पड़ी तूड़ी को बचाने के लिए किसानों ने तुरंत प्लास्टिक के तिरपाल का सहारा लिया और तूड़ी को ढककर सुरक्षित करने का प्रयास किया। कई जगहों पर किसान परिवार सहित तूड़ी को संभालने में जुटे रहे। स्थानीय किसान जोगिंदर सिंह ने बताया कि अगर बारिश तेज हो जाती है तो खेतों में पड़ी कटी हुई गेहूं की फसल और खड़ी फसल दोनों को भारी नुकसान हो सकता है। उन्होंने कहा कि इस बार मौसम ने अब तक किसानों का साथ दिया है, लेकिन इस तरह का अचानक बदलाव चिंता का कारण बन जाता है। वहीं किसान मोहन सिंह का कहना है कि मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दो-तीन दिनों तक मौसम खराब रह सकता है, जो किसानों के लिए चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि जिन किसानों की फसल अभी भी खेतों में पड़ी है या कटाई बाकी है, उनके लिए यह स्थिति मुश्किलें खड़ी कर सकती है। किसानों ने उम्मीद जताई है कि मौसम साफ रहेगा ताकि वे अपनी फसल को सुरक्षित रूप से घर तक पहुंचा सकें और किसी प्रकार के नुकसान से बच सकें।