गगरेट विधानसभा क्षेत्र में नकली नोटों का गिरोह अब एक-दो नहीं बल्कि लगातार कई छोटे दुकानदारों की मेहनत की कमाई पर डाका डाल रहा है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जैसे ही यह मामला अमर उजाला में प्रकाशित हुआ, उसके बाद और भी पीड़ित दुकानदार सामने आने लगे, जिससे साफ संकेत मिल रहे हैं कि क्षेत्र में यह गिरोह लंबे समय से सक्रिय होकर सुनियोजित तरीके से वारदातों को अंजाम दे रहा है।दो दिन पहले दियोली के सब्जी विक्रेता अनिल कुमार और नंगल जरियालां के ओमप्रकाश को नकली 500 रुपये के नोट थमाकर ठगों ने उनकी दिनभर की मेहनत की कमाई पर पानी फेर दिया था। दोनों मामलों में एक ही सीरियल नंबर के नकली नोट सामने आए थे, जिससे पहले ही गिरोह की संगठित गतिविधि की आशंका गहरा गई थी।लेकिन मामला यहीं नहीं रुका। खबर प्रकाशित होने के बाद दौलतपुर नगर पंचायत से लगभग तीन किलोमीटर दूर वेई गांव की एक महिला सब्जी विक्रेता भी सामने आई, जिसने बताया कि सब्जी खरीदने के बहाने आए ठग बड़ी चालाकी से नकली 500 रुपये का नोट देकर उसकी मेहनत की कमाई लेकर फरार हो गए। इसी कड़ी में ब्रह्मपुर गांव में सड़क किनारे सब्जी बेचकर परिवार का पेट पालने वाले एक अन्य मेहनतकश दुकानदार को भी ठगों ने अपना शिकार बनाया। उन्होंने ने बताया की लगभग दस दिन पहले नकली 500 रुपये का नोट थमाकर उसकी दिनभर की कमाई पर एक झटके में पानी फेर दिया गया। लगातार सामने आ रहे मामलों से साफ है कि गिरोह सिर्फ मौका देखकर नहीं बल्कि सोच-समझकर गरीब और छोटे दुकानदारों को निशाना बना रहा है।सबसे गंभीर पहलू यह है कि दियोली और नंगल जरियालां में मिले नकली नोटों के सीरियल नंबर एक जैसे थे, जबकि बाद में सामने आए मामलों में सीरियल नंबर अलग पाए गए। इससे यह आशंका और मजबूत हो गई है कि क्षेत्र में एक नहीं बल्कि कई नकली नोट चलाने वाले तत्व सक्रिय हो सकते हैं या गिरोह काफी समय से योजनाबद्ध तरीके से काम कर रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी ऊना के निर्देशों पर गगरेट पुलिस ने जांच तेज कर दी है। सुत्रों की जानकारी के शुरुआती स्तर पर एक संदिग्ध वाहन का नंबर सामने आया था, लेकिन जांच के दौरान यह मोटरसाइकिल का नंबर निकला। पुलिस अब क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखते हुए गिरोह तक पहुंचने की कोशिश कर रही है। लगातार सामने आ रही घटनाओं के बाद स्थानीय दुकानदारों में भारी दहशत का माहौल है। लोगों का कहना है कि अगर जल्द इस गिरोह पर शिकंजा नहीं कसा गया तो छोटे दुकानदारों की मेहनत की कमाई इसी तरह लुटती रहेगी। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि नकली नोट गिरोह को जल्द गिरफ्तार कर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि आमजन का भरोसा बहाल हो सके।