जिला मुख्यालय नाहन के वार्ड नंबर-1, ढाबो मोहल्ला में सरकारी सिस्टम या बजट का इंतजार किए बिना कुछ जागरूक नागरिकों ने अपनी प्राचीन बावड़ी का अस्तित्व बचाने के लिए कमान संभाली और देखते ही देखते गंदगी से पटी इस बावड़ी का कायाकल्प कर दिया। लंबे समय से रखरखाव के अभाव में यह प्राचीन बावड़ी खस्ताहाल हो चुकी थी। आलम यह था कि लोग इसमें पूजन सामग्री और कचरा फेंक रहे थे, जिससे यहां न केवल कीचड़ जमा हो गया था बल्कि पानी भी दूषित हो चुका था। स्थानीय निवासी संजीव मित्तल, चुनु, राजेश कुमार और रूमा ने इस बदहाली को दूर करने का संकल्प लिया। इन चारों साथियों ने मिलकर सफाई अभियान शुरू किया। पूरी बावड़ी को खाली कर उसमें गहरे तक जमा कीचड़ और गंदगी को बाहर निकाला गया। घंटों की कड़ी मेहनत के बाद बावड़ी के चप्पे-चप्पे को रगड़कर चमकाया गया। आज यह बावड़ी अपने नए और स्वच्छ स्वरूप में मोहल्ले की शोभा बढ़ा रही है। सफाई अभियान चलाने वाले लोगों ने मोहल्ले और शहरवासियों से अपील की है कि ये प्राचीन बावड़ी हमारी अनमोल धरोहर है। इसे गंदा न करें और इसमें पूजन सामग्री या प्लास्टिक न फेंकें। उन्होंने कहा कि जल स्रोतों को बचाना हम सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है।