माकपा लोकल कमेटी रामपुर ने भारत पर ट्रंप के टैरिफ के खिलाफ चौधरी अड्डे में धरना प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की और देश को बचाने के लिए सभी को एकजुट होकर आगे आने का आह्वान किया। लोकल कमेटी सचिव कुलदीप ने कहा कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप दुनिया के उन देशों को शुल्क के आतंकवाद से डराने का काम कर रहे हैं, जो अमेरिका की व्यापार शर्तों को नहीं मानते हैं और अमेरिका के साथ उसके व्यापारिक हितों की रक्षा करने के लिए व्यापारिक समझौता नहीं करते हैं। अपने देश की अर्थव्यवस्था बचाने के लिए अमेरिका इसका इस्तेमाल कर रहा है। शुल्क से अमेरिका अपने देश के मेहनतकशों पर और दुनिया के दूसरे देशों के मेहनतकशों पर भी बोझ डाल रहा है। कहा कि हमारे देश पर भी ट्रंप ने 50 फीसदी टैरिफ लगाया है। हमारे देश से अमेरिका को कृषि वस्तुएं, कपड़ा, मछली, हीरे, मध्यम छोटे और सूक्ष्म उद्योगों से पैदा होने वाली वस्तुएं भेजी जाती हैं। इन वस्तुओं पर जब 50 प्रतिशत कर लगेगा तो ये बहुत महंगी हो जाएंगी। इनका देश से निर्यात घाटे का सौदा बन जाएगा और उत्पादन भी कम हो जाएगा। बहुत सी फैक्ट्रियां बंद हो जाएंगी। इससे देश की अर्थव्यवस्था को नुकसान होगा और बेरोजगारी बढ़ेगी। यह हमारे देश की आर्थिक संप्रभुता और आजादी पर हमला है। देश की स्वतंत्र विदेश नीति पर भी हमला है। कहा कि मोदी सरकार हमारे देश की स्वतंत्र विदेश नीति को लगातार अमेरिका परस्त बनाने का काम करती रही है। अमेरिका के साथ राजनीतिक समझौते किए गए हैं, जिसके चलते अमेरिका की रणनीति के अनुसार ही मोदी सरकार काम कर रही है और अमेरिका की जूनियर पार्टनर बन गई है। भारत ने अपनी विदेश नीति अमेरिका के हितों के तहत बना दी है। इसी का नतीजा है कि भारत के ऊपर आज इस तरह का अमेरिकी दबाव बनाने की हिम्मत बढ़ी है। आज भी मोदी सरकार अमेरिका का खुल कर विरोध नहीं कर रही है, जैसा कि दुनिया के दूसरे देशों ने टैरिफ और अन्य प्रश्नों पर किया है। माकपा ने कहा कि भाजपा सरकार के ढुलमुल रवैये के खिलाफ जनता को लामबंद होकर मोदी सरकार की अमेरिका परस्त नीतियों को पीछे धकेलना है। इस मौके पर मिलाप नेगी, अमित, प्रेम चौहान, दिनेश मेहता, प्रकाश भलूनी, आशा, उर्मिला, उषा, जीवन, प्रमोद, सुनील, सुरेंद्र, पंकज और सुरेश कुमार सहित अन्य मौजूद रहे।