कुल्लू जिले में अधिकतर देवी-देवताओं के मंदिरों के कपाट बंद हो गए हैं वहीं कुछ देवी-देवता दौरे पर निकले हैं। बाह्य सराज की रघुपुर घाटी की कोटासेरी पंचायत के मरेच्छ गांव में एक देवकारज में चार देवताओं का भव्य मिलन हुआ है। भक्त पूर्ण चंद शर्मा ने देवताओं के लिए रखी मन्नत के चलते देव खुडीजल, व्यास ऋषि, टकरासी नाग और शेषनाग बिशल को बुलाया था। दो दिनों तक चले इस धार्मिक कार्यक्रम में रघुपुर घाटी से लेकर मंडी जिले के सुकेत के लोगों ने भी हाजिरी भरी। सभी देवता वीरवार शाम को मरेच्छ गांव पहुंचे थे। उनका भव्य स्वागत के साथ भव्य देव मिलन हुआ। ढोल नगाड़ों की थाप पर सभी देवता बारी-बारी से मिले और देवनृत्य किया। हजारों लोग भव्य नजारे के साक्षी बने। दूसरे दिन शुक्रवार को देव कारज में देवताओं की कई परंपराओं को निभाया गया। देव कारज में देव और मानस का भी मिलन हुआ। देवता के कारदार शेर सिंह, इंद्र सिंह, अमर सिंह तथा आशीष शर्मा ने कहा कि देव कारज में पहुंचे रघुपुर घाटी के चार देवताओं ने लोगों का सुख-शांति और समृद्धि का आशीर्वाद दिया। देवताओं के दर्शन के लिए दो दिनों से लोगों का तांता लगा रहा। आशीष शर्मा ने कहा कि देवताओं के आने से कोटासेरी की धरती और भी पवित्र हो गई है। दोपहर बाद देवता खुडीजल और टकरासी नाग अगले पड़ाव मथारला गांव के लिए रवाना हुए। व्यास ऋषि और शेषनाग बिशल अपने-अपने देवालय के लिए रवाना हुए। देवता खुडीजल करीब एक सप्ताह तक क्षेत्र के दौरे से वापस मंदिर लौटेंगे।