जिला हमीरपुर में जनगणना-2027 की सभी प्रक्रियाओं को सुचारू रूप से संपन्न करवाने के लिए आवश्यक तैयारियां आरंभ कर दी गई हैं। सोमवार को हमीर भवन में जिला के सभी उपमंडलों के जनगणना चार्ज अधिकारियों के लिए तीन दिवसीय कार्यशाला आरंभ हुई। इस कार्यशाला में जनगणना चार्ज अधिकारी सभी एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, नगर निगम हमीरपुर एवं अन्य शहरी निकायों के शीर्ष अधिकारी तथा उनके अधीनस्थ कर्मचारी भाग ले रहे हैं। एडीसी एवं जिला जनगणना अधिकारी अभिषेक गर्ग ने कहा कि जनगणना-2027 का कार्य अपने आप में एक बहुत बड़ी एक्सरसाइज होगी और इसमें चार्ज अधिकारियों की भूमिका बहुत ही महत्वपूर्ण होगी। इसलिए सभी चार्ज अधिकारी और उनके अधीनस्थ कर्मचारी जनगणना की सभी प्रक्रियाओं को गहनता के साथ समझें। अभिषेक गर्ग ने कहा कि जनगणना-2027 के तहत जिला स्तर पर उपायुक्त को प्रधान जनगणना अधिकारी और एडीसी को जिला जनगणना अधिकारी नियुक्त किया गया है। उन्होंने कहा कि भारत की यह 16वीं जनगणना पूरी तरह डिजिटल होगी तथा इसके लिए तीन डिजिटल प्रक्रियाएं निर्धारित की गई हैं। लोग स्वयं भी सेल्फ एन्यूमरेशन पोर्टल यानि स्व-प्रगणना पोर्टल पर ऑनलाइन अपनी जानकारी भर सकेंगे। मोबाइल आधारित डाटा संग्रहण के लिए मोबाइल ऐप एंड जियो टैगिंग की सुविधा प्रदान की गई है। यह ऐप ऑफलाइन मोड में भी काम करेगा और हाउस लिस्टिंग के लिए जियो-टैगिंग की सुविधा प्रदान करेगा। जनगणना की प्रक्रिया मुख्यतः दो चरणों में पूरी की जाएगी। प्रथम चरण में इस वर्ष 12 मई से 11 जून तक सभी मकानों एवं अन्य भवनों की लिस्टिंग की जाएगी। मकानों की लिस्टिंग की जानकारी स्वयं भरने के लिए 27 अप्रैल से 11 मई तक की अवधि निर्धारित की गई है। जिला हमीरपुर में दूसरा चरण फरवरी 2027 में शुरू होगा, जिसमें जनसंख्या गणना के तहत हर व्यक्ति से जुड़े सामाजिक और आर्थिक आंकड़े जुटाए जाएंगे। ए्रकार्यशाला के पहले दिन जनगणना निदेशालय हिमाचल प्रदेश के सहायक निदेशक प्रियांशु तिवारी, नोडल अधिकारी अजय सोलंकी और हिमांशु यादव ने जनगणना चार्ज अधिकारियों को जनगणना की प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी।